‘जय श्री राम’ पर सिरी की चुप्पी, ‘अस्सलामु अलैकुम’ पर जवाब! क्या एप्पल के AI पर उठ रहे सवाल सही हैं?
कल्पना कीजिए – आप अपने आईफोन पर सिरी से सबसे आम हिंदू अभिवादन कहते हैं, लेकिन सिरी चुप्पी साध लेता है। और उसी फोन पर जब मुस्लिम अभिवादन बोला जाता है, तो सिरी तुरंत जवाब दे देता है। क्या एप्पल का सिरी हिंदू भावनाओं के प्रति पक्षपाती है? यही सवाल इस समय सोशल मीडिया पर ज़ोरों से उठ रहा है।
आज AI के दौर में करोड़ों लोग Voice Assistant का इस्तेमाल करते हैं। इनमें सबसे लोकप्रिय नामों में से एक है Apple Siri। जिन लोगों के पास iPhone है, वे रोजमर्रा के कई कामों के लिए Siri का इस्तेमाल करते हैं।
भारत जैसे विशाल और सांस्कृतिक रूप से विविध देश में जब कोई वैश्विक टेक कंपनी कारोबार करती है, तो उससे यह उम्मीद भी की जाती है कि वह स्थानीय भाषाओं, संस्कृति और अभिवादन के तरीकों को समझे। ऐसे में जब सोशल मीडिया पर यह दावा वायरल हुआ कि Siri “जय श्री राम” या “जय श्री महाकाल” पर कोई जवाब नहीं देता, जबकि “अस्सलामु अलैकुम” कहने पर “वालेकुम अस्सलाम” बोलकर प्रतिक्रिया देता है, तो विवाद खड़ा हो गया।
विवाद की शुरुआत कैसे हुई?
पूरा मामला मध्य प्रदेश के उज्जैन से सामने आया। एक सामाजिक कार्यकर्ता ने मीडिया के सामने iPhone पर Siri का लाइव डेमो दिखाया। उनका दावा था कि उन्होंने Siri से “जय श्री राम” और “जय श्री महाकाल” कहा, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। वहीं, “अस्सलामु अलैकुम” बोलने पर Siri ने स्क्रीन पर “वालेकुम अस्सलाम” दिखाया और बोलकर भी जवाब दिया।
यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।
इसके बाद कई यूजर्स ने अपने-अपने फोन पर इसी तरह के परीक्षण करने का दावा करते हुए स्क्रीन रिकॉर्डिंग और स्क्रीनशॉट साझा किए। कुछ लोगों ने आरोप लगाया कि Siri का यह व्यवहार हिंदू धार्मिक अभिवादन के प्रति असमान रवैया दिखाता है।
हालांकि, यह भी ध्यान देने वाली बात है कि अलग-अलग iPhone मॉडल, Siri के भाषा विकल्प, क्षेत्रीय सेटिंग्स और सॉफ़्टवेयर संस्करण के आधार पर परिणाम अलग हो सकते हैं। इसलिए सभी डिवाइस पर एक जैसा व्यवहार होना आवश्यक नहीं है।
सोशल मीडिया पर क्या कहा जा रहा है?
वीडियो वायरल होने के बाद कई यूजर्स ने Apple पर हिंदू भावनाओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि भारत कंपनी का एक बड़ा बाजार है, इसलिए भारतीय सांस्कृतिक अभिवादनों को भी Siri में समान महत्व मिलना चाहिए।
दूसरी ओर, कुछ लोगों का कहना है कि यह किसी धर्म विशेष के खिलाफ पूर्वाग्रह का मामला नहीं, बल्कि Siri के पहले से प्रोग्राम किए गए अभिवादन (pre-programmed greetings) और सीमित भाषा समर्थन का परिणाम हो सकता है।

Google Gemini की भी होने लगी तुलना
विवाद बढ़ने के बाद कई यूजर्स ने Google Gemini और अन्य AI Assistants के साथ भी तुलना शुरू कर दी।
सोशल मीडिया पर साझा किए जा रहे कुछ वीडियो में दावा किया गया कि Gemini “जय श्री राम” कहने पर सम्मानजनक जवाब देता है और “अस्सलामु अलैकुम” पर भी उचित प्रतिक्रिया देता है। इसके बाद सवाल उठाया जाने लगा कि यदि दूसरे AI सिस्टम विभिन्न अभिवादनों का जवाब दे सकते हैं, तो Siri में ऐसा क्यों नहीं है।
हालांकि, अलग-अलग AI सिस्टम का व्यवहार उनके प्रशिक्षण, भाषा मॉडल और फीचर डिज़ाइन पर निर्भर करता है।
अब सबसे बड़ा सवाल…
क्या यह वास्तव में किसी धार्मिक पक्षपात का मामला है, या फिर Siri के सीमित प्रोग्रामिंग व्यवहार का नतीजा?
क्या Apple भारत जैसे बड़े बाजार के लिए अपने Voice Assistant को स्थानीय भाषाओं और सांस्कृतिक अभिवादनों के अनुरूप बेहतर बनाएगा?
फिलहाल इस पूरे विवाद पर Apple की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ऐसे में बहस सोशल मीडिया पर जारी है, जबकि तकनीकी कारणों और धार्मिक संवेदनाओं—दोनों पहलुओं को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं।
