PM आवास योजना के घर में रहकर प्रधानमंत्री को दी गाली, पाकिस्तान प्रेम दिखाने वाला सलमान देहरादून से गिरफ्तार
‘जिस थाली में खाना, उसी में छेद करना’— यह कहावत उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में बिल्कुल सच साबित हुई है। सोशल मीडिया पर देश के संवैधानिक पदों की मर्यादा तार-तार करने और धार्मिक भावनाओं को भड़काने वाले एक युवक को उत्तराखंड पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी का नाम सलमान है, जो इंटरनेट पर लगातार नफरत का जहर उगल रहा था। पुलिस के हत्थे चढ़ते ही आरोपी की सारी हेकड़ी गायब हो गई है।
धार्मिक भावनाओं को भड़काने और गोकशी के समर्थन का आरोप
मामला देवभूमि उत्तराखंड के देहरादून का है, जहां सलमान नाम का यह युवक सोशल मीडिया पर लगातार बेहद आपत्तिजनक और घिनौनी पोस्ट्स डाल रहा था। आरोप है कि उसने कई बार बहुसंख्यक समाज की धार्मिक भावनाओं और हिंदुओं की आस्था को सरेआम ठेस पहुंचाई। वह इंटरनेट पर बैठकर ‘भारत माता’ के खिलाफ अभद्र टिप्पणियां कर रहा था और गौ-माता पर भद्दे कमेंट्स करते हुए गोकशी (गौ-मांस) को जायज ठहराने की वकालत कर रहा था।
पीएम मोदी की मॉर्फ्ड तस्वीर पोस्ट कर लांघी सीमा
सलमान ने अपनी नफरत में सारी सीमाएं तब लांघ दीं, जब उसने देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर एक बेहद ही नीच और घटिया पोस्ट शेयर की। उसने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से एक मॉर्फ्ड (फर्जी) तस्वीर पोस्ट की, जिसमें भारत के प्रधानमंत्री को पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ के पैर छूते हुए दिखाया गया था। इस हरकत को लेकर लोगों में भारी गुस्सा है, क्योंकि यह सिर्फ एक पद का नहीं बल्कि देश के 140 करोड़ नागरिकों के स्वाभिमान पर सीधा हमला था।
सरकारी योजनाओं की मलाई और देश से नफरत
इस पूरे मामले का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह है कि भारत और यहां के प्रधानमंत्री से इतनी नफरत करने वाला यह शख्स खुद भारत सरकार की तमाम जनकल्याणकारी सुविधाओं का भरपूर लाभ उठा रहा था। मुफ्त के राशन से लेकर हर सरकारी सब्सिडी और स्कीम का फायदा इसके घर तक पहुंच रहा था। सबसे बड़ी विडंबना यह है कि जिस घर में सलमान रह रहा था, वह भी ‘प्रधानमंत्री आवास योजना’ के तहत ही बना है। यानी जिस मोदी को वह दिन-रात गालियां दे रहा था, उन्हीं की योजना के तहत मिले पक्के मकान की छत के नीचे वह चैन की सांस ले रहा था।
पुलिस का चला डंडा, जनता में आक्रोश
जब सलमान की ये विवादित और नफरती पोस्ट्स पुलिस के संज्ञान में आईं, तो उत्तराखंड पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस तत्व को दबोच लिया। कानून का डंडा चलते ही आरोपी भीगी बिल्ली बन गया। इस घटना ने एक बार फिर उस बीमार मानसिकता को उजागर किया है, जहां भारत की तमाम सुख-सुविधाएं, मुफ्त राशन और पक्का मकान लेने के बावजूद कुछ लोग देश और उसकी संस्कृति को कोसने से बाज नहीं आते। वहीं दूसरी ओर, जिस पाकिस्तान के वजीर-ए-आजम शहबाज शरीफ के लिए यह शख्स कसीदे पढ़ रहा था, वहां की जनता खुद कंगाली, गंदगी और भुखमरी से त्रस्त होकर अपने हुक्मरानों को कोस रही है। फिलहाल पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
