बांग्लादेश में राम के अपमान पर फूटा हिंदू छात्रों का गुस्सा, सरकार को 72 घंटे का अल्टीमेटम; ढाका में बड़े आंदोलन की तैयारी
ढाका: बांग्लादेश में भगवान श्रीराम के विग्रह पर जूता रखे जाने और एक निर्माणाधीन भव्य मूर्ति पर कट्टरपंथियों द्वारा उपद्रव किए जाने के बाद वहां का अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय बेहद आक्रोशित है। इस घटना के विरोध में हिंदू छात्रों ने बांग्लादेश की अंतरिम सरकार को सीधे चुनौती दे डाली है। ढाका विश्वविद्यालय और जगन्नाथ यूनिवर्सिटी से शुरू हुआ यह आंदोलन अब पूरे देश में फैल चुका है और हिंदू छात्र सड़कों पर उतरकर बड़ा प्रदर्शन कर रहे हैं。
सरकार को 72 घंटे का अल्टीमेटम
हिंदू छात्र संगठनों ने इस शर्मनाक कृत्य के खिलाफ बांग्लादेश सरकार को कार्रवाई के लिए 72 घंटे का अल्टीमेटम दिया था। तय समय सीमा बीत जाने के बाद भी जब सरकार और प्रशासन की ओर से किसी भी दोषी की गिरफ्तारी नहीं हुई, तो भड़के छात्रों ने राजधानी ढाका के शाहबाग इलाके में एक विशाल विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया है।
“10 साल में खत्म हो जाएगा हिंदू समुदाय”
‘बांग्लादेश स्टूडेंट यूनिटी काउंसिल’ के संयोजक नॉवेल्टी रॉय उदय ने बेहद भावुक और तीखे शब्दों में कहा, “हमारे पूजनीय भगवान राम का अपमान किया गया है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ जो कुछ भी हो रहा है, अगर ऐसा ही 10 साल और चलता रहा, तो इस देश से हिंदू समुदाय पूरी तरह खत्म हो जाएगा।”
81 फीट ऊंची राम प्रतिमा पर विवाद
पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब बांग्लादेश के गाइबंधा जिले के पलाशबाड़ी में सनातन समाज द्वारा 81 फीट ऊंची भगवान श्रीराम की एक भव्य मूर्ति का निर्माण किया जा रहा था। स्थानीय कट्टरपंथियों ने वहां न सिर्फ भारी उपद्रव करके निर्माण कार्य रुकवा दिया, बल्कि हिंदुओं के खिलाफ भड़काऊ भाषणबाजी भी की। इसके बाद जगन्नाथ यूनिवर्सिटी में भगवान राम के विग्रह पर जूता रखने की घटना सामने आई, जिसने आग में घी का काम किया।
‘माइनॉरिटी राइट्स मूवमेंट’ की प्रवक्ता सुष्मिता कर ने बताया कि सरकार की निष्क्रियता के कारण शुक्रवार दोपहर से ढाका में महा-आंदोलन शुरू होने जा रहा है। इसके साथ ही ‘नेशनल हिंदू ग्रैंड अलायंस’ ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई है, जिसमें बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों के साथ हो रहे अत्याचार, हत्या, मंदिरों में तोड़फोड़ और जबरन धर्म परिवर्तन जैसे गंभीर मुद्दों पर वैश्विक मंच का ध्यान आकर्षित किया जाएगा।
