कानपुर में सनसनीखेज वारदात: नाबालिग का अपहरण कर धर्म परिवर्तन का दबाव, मना करने पर गर्म चिमटे से दागा; आरोपी अरमान गिरफ्तार
उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले से एक रूह कंपा देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़की का अपहरण कर उसे बंधक बनाया गया और उस पर जबरन धर्म परिवर्तन करने का दबाव डाला गया। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। यूपी पुलिस इस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
एक हफ्ते तक बंधक बनाकर दी रूहानी यातनाएं
पीड़िता द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, आरोपी अरमान और उसके परिवार ने उसे करीब एक हफ्ते तक बंधक बनाकर रखा। इस दौरान नाबालिग पर धर्म बदलने के लिए मानसिक और शारीरिक रूप से अत्यधिक दबाव बनाया गया।
पीड़िता का आरोप है कि उसे जबरन उर्दू के दस्तावेजों पर दस्तखत करने और धार्मिक आयतें पढ़ने के लिए मजबूर किया गया। इतना ही नहीं, जब लड़की ने उनकी बात मानने से इनकार कर दिया, तो क्रूरता की सारी हदें पार कर दी गईं।
पीड़िता का बयान: “मुझे जबरन गोमांस (बीफ) खाने के लिए मजबूर किया गया। जब मैंने मना किया, तो उन्होंने मुझे जान से मारने की धमकी दी और गर्म लोहे के चिमटे से बेरहमी से दागा।”
चंगुल से भागकर बचाई जान
लड़की किसी तरह आरोपियों के चंगुल से भाग निकलने में सफल रही और अपने घर पहुँची। बदहवास हालत में घर पहुँची बेटी की आपबीती सुनकर परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। इसके बाद परिजनों ने तुरंत स्थानीय पुलिस स्टेशन में मामले की शिकायत दर्ज कराई।
योगी सरकार का कड़ा रुख: मुख्य आरोपी गिरफ्तार
चूंकि मामला उत्तर प्रदेश का है, जहाँ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कड़े निर्देश हैं कि महिलाओं के खिलाफ अपराध और अवैध धर्मांतरण के मामलों में ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई जाए, पुलिस तुरंत एक्शन में आई।
- त्वरित कार्रवाई: पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर मुख्य आरोपी अरमान को गिरफ्तार कर लिया है।
- अन्य आरोपियों की तलाश: पुलिस अरमान के परिवार के अन्य सदस्यों की भूमिका की भी जांच कर रही है, जो इस कृत्य में शामिल थे।
पुलिस प्रशासन का बयान
स्थानीय पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है और उसे हरसंभव सुरक्षा और काउंसलिंग प्रदान की जा रही है। पुलिस ने साफ किया है कि कानून व्यवस्था को हाथ में लेने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और कोर्ट में सख्त पैरवी कर आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी। इस घटना के बाद से इलाके में तनाव को देखते हुए एहतियात बरती जा रही है।
