UP Police Encounter: बदायूं में 4 साल की मासूम से दरिंदगी करने वाले 60 वर्षीय अबरार का पुलिस ने किया एनकाउंटर, दोनों पैरों में लगी गोली
UP police action: उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की पुलिस अपराधियों, बलात्कारियों और मासूमों के दुश्मनों के लिए एक बार फिर यमराज साबित हुई है। यूपी पुलिस ने साफ कर दिया है कि सूबे में मासूम बच्चियों के साथ दरिंदगी करने वालों के लिए कोई जगह नहीं है; उनका अंजाम या तो जेल की सलाखें होंगी या फिर कब्रिस्तान। ताजा मामला बदायूं से सामने आया है, जहां एक 4 साल की मासूम बच्ची से दुष्कर्म करने वाले 60 वर्षीय बुजुर्ग आरोपी अबरार को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की जवाबी फायरिंग में आरोपी के दोनों पैरों में गोली लगी है।
मुहर्रम के जुलूस का फायदा उठाकर किया अगवा
यह दिल दहला देने वाली वारदात 25 जून की रात की है। बदायूं में मुहर्रम के जुलूस के दौरान चारों तरफ भारी शोर-शराबा था। इसी माहौल का फायदा उठाकर इंसानी शक्ल में छिपे भेड़िये अबरार (60 वर्ष) ने घर के बाहर खेल रही 4 साल की मासूम बच्ची को अगवा कर लिया। बताया जा रहा है कि आरोपी पीड़िता का ही दूर का रिश्तेदार था, इसलिए बच्ची उस पर भरोसा कर साथ चली गई। आरोपी ने बच्ची को मिर्च और पकौड़ी खिलाने का लालच दिया था और उसे गांव के बाहर एक सुनसान मक्के के खेत में ले जाकर इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया।
मक्के के खेत में खून से लथपथ मिली मासूम
दरिंदगी की इंतहा पार करते हुए अबरार मासूम बच्ची को मरणासन्न और बदहवास हालत में खेत में ही छोड़कर फरार हो गया। 26 जून की सुबह जब परिजन बच्ची को ढूंढते हुए खेत की तरफ पहुंचे, तो वहां का मंजर देखकर उनकी रूह कांप गई। बच्ची खून से लथपथ हालत में पड़ी सिसक रही थी। पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर बच्ची को अस्पताल पहुंचाया और उसका मेडिकल कराया, जिसमें उसके साथ दुष्कर्म होने की पुष्टि हुई। इस वारदात की खबर जैसे ही इलाके में फैली, स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश फैल गया। डरी-सहमी बच्ची की जब पुलिस ने काउंसलिंग की, तो उसने रोते हुए अपने रिश्तेदार अबरार की इस घिनौनी करतूत का पर्दाफाश किया।
सरेंडर के बजाय पुलिस पर दागी गोली
आरोपी का नाम सामने आते ही बदायूं पुलिस की कई टीमें उसकी तलाश में जुट गईं। इसी बीच मुखबिर से सटीक सूचना मिली कि आरोपी अबरार इलाका छोड़कर भागने की फिराक में है। पुलिस टीम ने जब घेराबंदी कर उसे पकड़ने की कोशिश की, तो आरोपी ने आत्मसमर्पण करने के बजाय अपने पास मौजूद अवैध तमंचे से पुलिस टीम पर फायरिंग झोंक दी। पुलिस ने भी बिना वक्त गंवाए आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की। पुलिस की ओर से चलाई गई गोलियां सीधा आरोपी अबरार के दोनों पैरों में जा लगीं। गोली लगते ही वह जमीन पर गिर पड़ा, जिसके बाद पुलिस ने उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया और इलाज के लिए अस्पताल अस्पताल भेजा।
सोशल मीडिया पर योगी पुलिस की तारीफ
इस घटना ने समाज के सामने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर 60 साल के एक बुजुर्ग की मानसिकता इतनी बीमार कैसे हो सकती है? जब अपने ही रिश्तेदार ऐसे भेड़िए बन जाएं, तो बेटियां कहां सुरक्षित रहेंगी? हालांकि, पुलिस के इस ताबड़तोड़ और त्वरित एक्शन के बाद सोशल मीडिया पर सीएम योगी आदित्यनाथ और यूपी पुलिस की जमकर तारीफ हो रही है। लोग कह रहे हैं कि ऐसे अपराधियों के साथ ऑन-द-स्पॉट ऐसा ही न्याय होना चाहिए ताकि दूसरों को सबक मिल सके।
