महुआ मोइत्रा BJP में जाएंगी? अमित शाह के ‘एक कॉल’ वाले दावे पर मचा सियासी बवाल, जानिए पूरा मामला
तृणमूल कांग्रेस (TMC) की सांसद महुआ मोइत्रा को लेकर एक बार फिर राजनीतिक अटकलें तेज हो गई हैं। सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में ऐसी चर्चाएं चल रही हैं कि महुआ मोइत्रा बीजेपी में शामिल हो सकती हैं या फिर टीएमसी के बागी नेताओं के साथ जा सकती हैं। हालांकि, महुआ मोइत्रा ने इन सभी दावों को सिरे से खारिज कर दिया है।
महुआ मोइत्रा ने अफवाहों पर दी सफाई
महुआ मोइत्रा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए लिखा कि “साजिश की थ्योरी रचने वाले अपनी जिंदगी पर ध्यान दें।” उन्होंने कहा कि जिस वायरल टिप्पणी के आधार पर उनके पार्टी छोड़ने की बातें की जा रही हैं, उसे संदर्भ से हटाकर पेश किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका टीएमसी छोड़ने या किसी बागी गुट के साथ जाने का कोई इरादा नहीं है।
आचार्य प्रमोद कृष्णम का बड़ा दावा
इस पूरे विवाद के बीच कांग्रेस के पूर्व नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम का बयान चर्चा का विषय बन गया। उन्होंने दावा करते हुए कहा “अगर गृहमंत्री अमित शाह का फोन आ गया तो महुआ मोइत्रा भी टीएमसी के खिलाफ बोलना शुरू कर देंगी। अभी उन्हें फोन नहीं गया है, जिस दिन जाएगा, उस दिन तस्वीर बदल जाएगी।”
हालांकि, यह आचार्य प्रमोद कृष्णम का व्यक्तिगत दावा है। इस दावे के समर्थन में कोई स्वतंत्र प्रमाण सार्वजनिक रूप से उपलब्ध नहीं है।
क्या सचमुच टीएमसी छोड़ सकती हैं महुआ?
फिलहाल महुआ मोइत्रा ने सार्वजनिक रूप से पार्टी छोड़ने की किसी भी संभावना से इनकार किया है। इसलिए यह कहना कि वह बीजेपी में शामिल होंगी या टीएमसी के खिलाफ बोलेंगी, केवल अटकलें हैं। ऐसी किसी संभावना की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
शुभेंदु अधिकारी को लेकर महुआ का भावुक बयान
हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में महुआ मोइत्रा ने अपने राजनीतिक जीवन के शुरुआती दौर का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि 2014 के लोकसभा चुनाव में टिकट नहीं मिलने पर वह बेहद निराश थीं और पूरी रात रोई थीं। उस समय सीएम शुभेंदु अधिकारी ने उनका हौसला बढ़ाते हुए कहा था, “बहन, मैं तुम्हारे साथ हूं।”
महुआ ने यह भी बताया कि 2016 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में जब वह पहली बार करीमपुर सीट से चुनाव लड़ रही थीं और कोई बड़ा नेता प्रचार के लिए नहीं पहुंचा था, तब सीएम शुभेंदु अधिकारी ने ही वहां पहली जनसभा की थी।
हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वर्तमान में उनका शुभेंदु अधिकारी से कोई संपर्क नहीं है, लेकिन अतीत में मिली उस मदद को वह कभी नहीं भूल सकतीं।
