इंडिया गठबंधन की बैठक से पहले राहुल गांधी पर पोस्टर वार, सहयोगी दलों के पुराने बयानों ने बढ़ाई सियासी चर्चा
नई दिल्ली: विपक्षी दलों के इंडिया गठबंधन की बैठक से पहले राजधानी दिल्ली में लगे कुछ पोस्टर और होर्डिंग राजनीतिक चर्चा का विषय बन गए हैं। इन पोस्टरों में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के साथ गठबंधन में शामिल विभिन्न नेताओं के पुराने बयान प्रदर्शित किए गए हैं, जिनमें उन्होंने अतीत में कांग्रेस या राहुल गांधी की आलोचना की थी।
दिल्ली के एनडीएमसी क्षेत्र में लगाए गए इन पोस्टरों में राहुल गांधी की तस्वीर के साथ विभिन्न क्षेत्रीय दलों के नेताओं के कथित पुराने बयान लिखे गए हैं। पोस्टर सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में इस बात पर चर्चा तेज हो गई है कि गठबंधन के भीतर पुराने मतभेद एक बार फिर सुर्खियों में आ गए हैं।
पोस्टरों में क्या लिखा गया?
एक पोस्टर में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का पुराना बयान दिखाया गया है, जिसमें लिखा है “अगर कांग्रेस गठबंधन नहीं चला सकती तो मैं इसे चला सकती हूं।”

वहीं, आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल से जुड़ा एक पुराना बयान भी पोस्टर में शामिल किया गया है “लोग कहते हैं कि हम कांग्रेस को कमजोर कर रहे हैं। भला मैं कांग्रेस को क्या कमजोर करूंगा? राहुल गांधी खुद ही अकेले इस काम को बहुत अच्छे से कर रहे हैं।”

इसके अलावा, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) प्रमुख शरद पवार का एक पुराना बयान भी पोस्टरों में नजर आया, जिसमें उन्होंने राहुल गांधी में “कंसिस्टेंसी की कमी” होने की बात कही थी।

द्रमुक नेता उदयनिधि स्टालिन के नाम से लगाए गए एक होर्डिंग में लिखा गया “20 साल से अधिक समय तक कांग्रेस हमारी पीठ पर बैठकर आगे बढ़ती रही और आज उन्होंने हमारी ही पीठ में छुरा घोंप दिया।”

पुराने बयानों ने बढ़ाई सियासी हलचल
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि गठबंधन बनने से पहले विपक्षी दलों के बीच कई मुद्दों पर तीखे मतभेद रहे हैं। विभिन्न दलों के नेताओं ने एक-दूसरे के खिलाफ सार्वजनिक रूप से बयान भी दिए थे। अब उन्हीं पुराने बयानों को सामने लाकर विपक्षी एकता पर सवाल उठाने की कोशिश की जा रही है।
पोस्टरों में लगभग हर जगह राहुल गांधी की तस्वीर प्रमुखता से दिखाई गई है, जिसके कारण चर्चा का केंद्र भी वही बन गए हैं। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि ये पोस्टर किस संगठन या समूह द्वारा लगाए गए हैं।
इंडिया गठबंधन की अहम बैठक
बता दें कि 8 जून को नई दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में INDIA गठबंधन की बैठक आयोजित की गई, जिसमें लोकसभा चुनाव 2024 के बाद पहली बार विपक्षी दलों के कई प्रमुख नेता एक मंच पर दिखाई दिए।
इस बैठक को कांग्रेस के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि क्षेत्रीय दलों के बदलते राजनीतिक प्रभाव और विपक्षी राजनीति की नई चुनौतियों के बीच कांग्रेस अपने नेतृत्व और भूमिका को मजबूत करने की संभावनाएं तलाश रही है।
